मुख्य सचिव से आईएएस 2021 बैच एवं आईएफएस 2018 व 2019 बैच के प्रशिक्षु अधिकारियों ने की शिष्टाचार भेंट

जनपत की खबर , 319

दिनांक: 10 अक्टूबर, 2022

लखनऊ:  मुख्य सचिव श्री दुर्गा शंकर मिश्र से भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) 2021 बैच एवं भारतीय वन सेवा (आईएफएस) 2018 व 2019 बैच के 23 प्रशिक्षु अधिकारियों ने शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर मुख्य सचिव ने सभी प्रशिक्षु अधिकारियों का परिचय प्राप्त किया। ज्यादातर प्रशिक्षु अधिकारी इंजीनियरिंग स्ट्रीम से थे।
      परिचय प्राप्त करने के उपरान्त मुख्य सचिव ने कहा कि इंजीनियर समाधान खोजक होता है। किसी भी कठिन परिस्थिति में एक इंजीनियर उस चीज का समाधान निकाल लेता है। उन्होंने सिविल सर्विस और इंजीनियर के अंतर के बारे में बताते हुए कहा कि एक इंजीनियर ‘मशीन बेस्ड सॉल्यूशन है’ और सिविल सर्विस अधिकारी ‘ह्यूमन बेस्ड सॉल्यूशन’ होता है।
       उन्होंने कहा कि अपने फैसलों में यह जरुर देखना चाहिए कि वह देश की एकता और अखंडता में कहीं रुकावट तो पैदा नहीं करेगा। इसके अतिरिक्त सेवा के दौरान जन सामान्य के जीवन में बदलाव लाने व सुगमता का लाने का प्रयास करना चाहिये। सरकार से मिलने वाले लाभों के लिए उन्हें जद्दोजहद न करनी पड़े, इसके लिए सकारात्मक वातावरण बनाना व्यवस्था की जिम्मेदारी है।
       उन्होंने अपने पिता से ली गई सीख का उदाहरण देते हुए कहा कि अगर कुछ देना हो तो दिल खोलकर देना, अगर किसी का नुकसान करना हो तो सोच समझकर करना। अगर किसी को दंडित करना हो निर्भय होकर दंडित करना।
       बैठक में उपाम के महानिदेशक श्री एल. वेंकटेश्वर लू, निदेशक श्रीमती नीना शर्मा, अपर निदेशक श्री महेन्द्र वर्मा, उपनिदेशक श्रीमती पूर्णिमा सिंह समेत अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।
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मुख्य सचिव से डेनमार्क के राजदूत श्री फ्रेडी स्वेन ने की भेंट

दिनांक: 10 अक्टूबर, 2022

लखनऊ:  मुख्य सचिव श्री दुर्गा शंकर मिश्र से डेनमार्क के राजदूत श्री फ्रेडी स्वेन की अध्यक्षता में आये प्रतिनिधिमंडल ने भेंट की। इस दौरान उत्तर प्रदेश में निवेश के संबंध में विस्तृत विचार-विमर्श किया गया।
इस अवसर पर मुख्य सचिव ने कहा कि उत्तर प्रदेश में इनवेस्टर फ्रेंडली माहौल होने के कारण प्रदेश दुनियाभर के निवेशकों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है। प्रदेश सरकार उत्तर प्रदेश में इच्छुक निवेशकों को सभी जरूरी सुविधाओं एवं प्रोत्साहन उपलब्ध करा रही है।
        उन्होंने कहा कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था का बेहतर माहौल है। ग्लोबल इनवेस्टर समिट की जानकारी देते हुये उन्होंने कहा कि यह डेनमार्क के उद्यमियों के लिए एक अच्छा अवसर हो सकता है।
        इस अवसर पर डेनमार्क के राजदूत श्री फ्रेडी स्वेन ने डेयरी, ऊर्जा एवं विभिन्न क्षेत्रों में निवेश की इच्छा व्यक्त की।  
इस मौके पर मुख्य सचिव ने डेनमार्क के राजदूत को ओ0डी0ओ0पी0 उत्पाद भेंट किया।
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मुख्य सचिव ने मुख्यमंत्री फेलोशिप कार्यक्रम के अन्तर्गत चयनित अभ्यर्थियों के प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया

दिनांक: 10 अक्टूबर, 2022

लखनऊ:  मुख्य सचिव श्री दुर्गा शंकर मिश्र ने बख्शी का तालाब स्थित दीनदयाल उपाध्याय राज्य ग्राम्य विकास संस्थान में मुख्यमंत्री फेलोशिप कार्यक्रम के अन्तर्गत चयनित अभ्यर्थियों के प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
        अपने संबोधन में मुख्य सचिव ने मुख्यमंत्री फेलोशिप कार्यक्रम के अन्तर्गत चयनित हुए 77 अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए कहा कि आप सभी पिछड़े ब्लॉकों के विकास के लिए कार्य करने जा रहे है, नई ऊर्जा के साथ काम करना है, कई चुनौतियां सामने आयेंगी, उनका डटकर सामना करना है। सभी के पास अलग-अलग अनुभव है, उस अनुभव को आपस में चर्चा करें, चर्चा से नई सोच निकलकर आएगी जो आपके संकल्प को पूरा करने में सहायता करेगी।
         उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री जी का संकल्प है, पूरा देश विकसित हो। हर एक क्षेत्र के समावेशी विकास के बिना पूरा देश विकसित नहीं होगा। हर एक पैरामीटर के पीछे विचार, शोध और अनुसंधान है। आज नई टेक्नोलॉजी के तहत जिओ रिफरेंस और जिओ टैग किया जा रहा है। आने वाले दिनों में जिओ रिफरेंस और जिओ टैग का कार्य को पूरा कर लिया जाएगा। प्रदेश में हर एक खेत का खुद का नक्शा होगा, उस नक्शे को आप घर बैठे देख सकते हैं।
         उल्लेखनीय है कि प्रदेश सरकार द्वारा प्रदेश के युवाओं को सरकार के साथ नीति, प्रबन्धन, क्रियान्वयन एवं पर्यवेक्षण के कार्यों में सहभागिता का विशिष्ट अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री फेलोशिप कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है। कार्यक्रम के अन्तर्गत चयनित अभ्यर्थी जिलाधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी के अधीन काम करेंगे। उनके द्वारा प्रदेश के 100 आकांक्षात्मक विकास खंडों में केंद्र और राज्य सरकार द्वारा संचालित सभी योजनाओं का समवर्ती मूल्यांकन किया जाएगा। यही नहीं, शोधार्थियों द्वारा योजनाओं के संचालन में आ रही चुनौतियों के निराकरण तथा योजनाओं से जनमानस को अपेक्षित लाभ पहुंचाने हेतु सुझाव भी लिए जायेंगे।
         इस अवसर पर सचिव नियोजन श्री आलोक कुमार एवं संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारीगण व चयनित अभ्यर्थीगण आदि उपस्थित थे।
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