पर्यटन विभाग द्वारा गणतंत्र दिवस के अवसर पर बुन्देलखण्ड पर आधारित शोभा यात्रा एवं झांकी निकाली जायेगी
लखनऊ Dec 21, 2025 at 05:50 PM , 49बुन्देलखण्ड की सांस्कृतिक विरासत एवं शौर्य गाथा को प्रदर्शित किया जायेगा-जयवीर सिंह
लखनऊ: 21 दिसम्बर, 2025
उत्तर प्रदेश सरकार प्रतिवर्ष की भांति गणतंत्र दिवस (26 जनवरी 2026) समारोह का आयोजन करने जा रही है। राष्ट्रीय उत्सव को और अधिक गरिमामय स्वरूप प्रदान करने के उद्देश्य से उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग द्वारा एक भव्य शोभायात्रा का आयोजन किया जा रहा है, जो ’बुंदेलखंड’ की थीम पर आधारित होगी। शोभायात्रा के माध्यम से बुंदेलखंड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, शौर्य, लोक परंपराओं और विविधता को प्रभावशाली रूप में प्रस्तुत किया जाएगा। यह जानकारी उत्तर प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने दी।
पर्यटन मंत्री ने बताया कि यह थीम बुंदेलखंड की वास्तुकला, वीरतापूर्ण विरासत तथा सांस्कृतिक पहचान को उसके प्रतिष्ठित किलों-कालिंजर, झांसी, ओरछा, चरखारी और महोबा के माध्यम से प्रस्तुत करेगी, जो साहस, धरोहर और क्षेत्रीय कला-कौशल के प्रतीक हैं। शोभायात्रा के सफल आयोजन के लिए पर्यटन विभाग ने एजेंसी चयन की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
शोभायात्रा में कथानक के माध्यम से बुंदेलखंड की गौरवशाली विरासत को सशक्त और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया जाएगा। इसमें क्षेत्र के प्राचीन स्थापत्य, सांस्कृतिक परंपराओं, लोककला और जीवनशैली को रेखांकित करते हुए उसकी अलग पहचान को उभारा जाएगा। कथानक में वीरता एवं शौर्य के उन ऐतिहासिक प्रतीकों को भी प्रस्तुत किया जाएगा, जिन्होंने इस भाग को साहस और स्वाभिमान की भूमि के रूप में स्थापित किया है। इसके अतिरिक्त, बुंदेलखंड के किलों और महलों की पर्यटन संभावनाओं को दर्शाते हुए यह संदेश दिया जाएगा कि यह क्षेत्र विरासत, संस्कृति और पर्यटन के दृष्टिकोण से देश-विदेश के पर्यटकों के लिए आकर्षक गंतव्य बनने की क्षमता रखता है।
बुंदेलखंड की लोक संस्कृति की झलक प्रस्तुत करती शोभायात्रा दर्शकों को प्रदेश की विरासत, परंपरा और उत्सव के रंगों में सराबोर कर देगी। बुंदेली सांस्कृतिक नृत्य कलाकार शोभायात्रा के दौरान रंगारंग प्रस्तुति देते हुए पारंपरिक वेशभूषा में सजे-धजे नजर आएंगे। वहीं, ढ़ोल-नगाड़ों की थाप के साथ उनकी ऊर्जावान प्रस्तुति वातावरण को उत्साह से भर देगी।
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने बताया कि श्गणतंत्र दिवस के अवसर पर आयोजित शोभायात्रा महज सांस्कृतिक प्रस्तुति नहीं, बल्कि बुंदेलखंड के शौर्य, स्वाभिमान और समृद्ध विरासत का उत्सव होगा। बुंदेलखंड थीम के माध्यम से हम अपनी ऐतिहासिक धरोहर, लोक परंपराओं और स्थापत्य को राष्ट्रीय मंच पर प्रभावशाली रूप में प्रस्तुत करेंगे। यह आयोजन न केवल क्षेत्र की विशिष्ट पहचान को सुदृढ़ करेगा, बल्कि बुंदेलखंड को पर्यटन के एक प्रमुख आकर्षण के रूप में स्थापित करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
प्रमुख सचिव पर्यटन एवं संस्कृति अमृत अभिजात ने बताया कि गणतंत्र दिवस 2026 के अवसर पर बुंदेलखंड थीम आधारित शोभायात्रा राज्य की सांस्कृतिक विरासत को नवाचार और गरिमा के साथ प्रस्तुत करने का सशक्त माध्यम होगी। विभागीय प्रयास है कि शोभायात्रा के माध्यम से बुंदेलखंड की विशिष्ट पहचान और पर्यटन संभावनाओं को नई गति मिले।































Comments