अभिभावक, शिक्षक और विद्यार्थी की त्रिवेणी से बनता है सफल भविष्य : श्री केशव प्रसाद मौर्य

लखनऊ , 56

जीवन में लक्ष्य तय कर परिश्रम के साथ आगे बढ़ें, सफलता अवश्य मिलेगी


मेधावी विद्यार्थी ही विकसित भारत के वास्तविक शिल्पकार, शिक्षा के क्षेत्र में भी उत्तर प्रदेश बनेगा देश में नंबर-1

                         : श्री केशव प्रसाद मौर्य

अमर उजाला के ‘मेधावी छात्र सम्मान समारोह-2026’ में उप मुख्यमंत्री ने मेधावियों को किया सम्मानित

लक्ष्य, परिश्रम और अनुशासन से हर मंजिल हासिल की जा सकती है

लखनऊ:  01 जून, 2026

उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा है कि मेधावी एवं प्रतिभाशाली विद्यार्थी ही विकसित भारत के वास्तविक शिल्पकार हैं। वर्ष 2047 तक विकसित भारत के निर्माण के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के संकल्प को साकार करने में आज के युवाओं और विद्यार्थियों की निर्णायक भूमिका होगी। उन्होंने कहा कि जीवन में कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं होता। स्पष्ट लक्ष्य, दृढ़ संकल्प, अनुशासन और निरंतर परिश्रम के बल पर हर सफलता प्राप्त की जा सकती है।
श्री मौर्य सोमवार को गोमतीनगर स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित अमर उजाला के ‘मेधावी छात्र सम्मान समारोह-2026’ को बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेश के मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की तथा उन्हें जीवन में बड़े लक्ष्य निर्धारित कर आगे बढ़ने का आह्वान किया।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में आज पढ़ने और पढ़ाने का सकारात्मक माहौल बना है। एक समय प्रदेश बोर्ड परीक्षाओं में नकल की समस्या व्यापक चर्चा का विषय हुआ करती थी, लेकिन आज पारदर्शी और नकलविहीन परीक्षा प्रणाली के कारण उत्तर प्रदेश के विद्यार्थियों की प्रतिभा पूरे देश में नई पहचान बना रही है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि प्रदेश जिस प्रकार हर क्षेत्र में आगे बढ़ रहा है, उसी प्रकार आने वाले समय में शिक्षा के क्षेत्र में भी उत्तर प्रदेश देश में प्रथम स्थान प्राप्त करेगा।
श्री मौर्य ने कहा कि विद्यार्थियों की सफलता के पीछे अभिभावकों, शिक्षकों और विद्यार्थियों के संयुक्त प्रयासों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। जब विद्यार्थी परिश्रम करता है, शिक्षक समर्पित भाव से मार्गदर्शन देता है और अभिभावक सहयोग एवं प्रेरणा प्रदान करते हैं, तब सफलता की नई इबारत लिखी जाती है। उन्होंने अभिभावक, शिक्षक और विद्यार्थी को सफलता की "त्रिवेणी" बताते हुए कहा कि इनके समन्वित प्रयासों से ही एक उज्ज्वल भविष्य का निर्माण संभव है।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 में उन्होंने प्रदेश के टॉपर विद्यार्थियों के घर तक सड़क निर्माण को ‘डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम गौरव पथ’ योजना से जोड़ने की घोषणा की थी। यह योजना आज भी संचालित है और मेधावी विद्यार्थियों के सम्मान एवं प्रोत्साहन के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
उन्होंने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा—
"मंजिल उन्हीं को मिलती है जिनके सपनों में जान होती है,
पंखों से कुछ नहीं होता, हौसलों से उड़ान होती है।"
श्री मौर्य ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में देश वर्ष 2047 तक विकसित भारत के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ रहा है। विकसित भारत का अर्थ केवल आर्थिक समृद्धि नहीं, बल्कि शिक्षा, रोजगार, नवाचार, सुरक्षा, सुशासन और सामाजिक समानता के क्षेत्र में भी विश्व के अग्रणी राष्ट्रों की श्रेणी में स्थान प्राप्त करना है। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे इस राष्ट्रीय संकल्प में सक्रिय भागीदार बनें।
उन्होंने पर्यावरण संरक्षण का भी संदेश देते हुए प्रधानमंत्री जी के ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान का उल्लेख किया और विद्यार्थियों, अभिभावकों तथा शिक्षकों से इस अभियान से जुड़ने का आग्रह किया।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत के युवाओं की प्रतिभा का विश्व में कोई मुकाबला नहीं है। भारतीय विद्यार्थी जिस भी क्षेत्र में अवसर प्राप्त करते हैं, वहां अपनी योग्यता, परिश्रम और नवाचार के बल पर देश का गौरव बढ़ाते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से चुनौतियों से घबराने के बजाय उन्हें अवसर में बदलने की प्रेरणा दी।
इस अवसर पर प्रदेश की माध्यमिक शिक्षा राज्यमंत्री श्रीमती गुलाब देवी ने विद्यार्थियों को सफलता की बधाई देते हुए कहा कि जीवन में अनुशासन, समय प्रबंधन और सतत परिश्रम सफलता की कुंजी हैं। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों के साथ मित्रवत व्यवहार अपनाने का आग्रह करते हुए कहा कि ऐसा वातावरण बच्चों के सर्वांगीण विकास में सहायक होता है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान के सकारात्मक परिणाम आज विभिन्न क्षेत्रों में दिखाई दे रहे हैं और बेटियां निरंतर नई उपलब्धियां हासिल कर रही हैं।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बेसिक शिक्षा राज्य मंत्री श्री संदीप सिंह ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में शिक्षा की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा एवं आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। शिक्षा के क्षेत्र में किए गए सुधारों के परिणामस्वरूप ड्रॉपआउट दर में कमी आई है और बड़ी संख्या में बच्चे विद्यालयों से जुड़ रहे हैं।
कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य, माध्यमिक शिक्षा राज्य मंत्री श्रीमती गुलाब देवी तथा बेसिक शिक्षा राज्य मंत्री श्री संदीप सिंह ने मेधावी विद्यार्थियों को ई-स्कूटी की चाबी एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में विद्यार्थी, अभिभावक, शिक्षक एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

अमर उजाला द्वारा ई-स्कूटी पाने वाले यूपी बोर्ड की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा में शीर्ष तीन स्थान पर रहे 11 मेधावियों के नाम-
हाईस्कूल-

 कशिश वर्मा, सीतापुर- प्रथम स्थान, 
 अंशिका वर्मा, बाराबंकी, प्रथम स्थान,
अदिति- बाराबंकी, द्वितीय स्थान,
 अर्पिता, सीतापुर, तृतीय स्थान, 
 ऋषभ साहू, झांसी, तृतीय स्थान, 
 परी वर्मा, बाराबंकी, तृतीय स्थान, 
इंटरमीडिएट-
शिखा वर्मा, सीतापुर- प्रथम स्थान, 
नंदिनी गुप्ता, बरेली, द्वितीय स्थान, 
 श्रीया वर्मा- बाराबंकी, द्वितीय स्थान,
 सुरभि यादव, बरेली, तृतीय स्थान, 
पूजा पाल, बाराबंकी, तृतीय स्थान, 
 
अमर उजाला द्वारा स्मार्ट फोन पाने वाले उत्तर प्रदेश माध्यमिक संस्कृतशिक्षा परिषद की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा में शीर्ष तीन स्थान पर रहे 8 मेधावियों के नाम-
हाईस्कूल-
सृष्टि-कन्नौज, प्रथम स्थान,
खुशबू सरोज, द्वितीय स्थान, 
मुलायम सिंह यादव, द्वितीय स्थान, 
- प्रियंका सरोज, तृतीय स्थान,
 
इंटरमीडिएट
रजनीश यादव, प्रतापगढ़- प्रथम स्थान, 
 वंशिका श्रीवास्तव, प्रतापगढ़, द्वितीय स्थान, 
काजल, प्रतापगढ़, तृतीय स्थान, 
 संस्कृति, अमरोहा, तृतीय स्थान,

Related Articles

Comments

Back to Top